हनुमान जी ने बाल ब्रह्मचारी होने के बाद भी क्यों किए 3 विवाह? यहाँ पढ़ें इसके पीछे की वजह

Hanuman Ji Ne Shadi Kyo Ki Thi

हिन्दू धर्मशास्त्रों में पवनसुत हनुमान जी को राम भक्त के रूप मे पूजा जाता है. ऐसी मान्यता है कि हनुमान जी जीवनभर ब्रह्मचर्य धर्म का पालन करते हुए प्रभु श्री राम की सेवा करते रहे. वहीं, कुछ पौराणिक शास्त्रों में हनुमान जी के विवाहित होने की बात भी कही गई है. जानकारी के लिए बता … Read more

हनुमान जी की माता अंजनी को क्यों मिला था श्राप, यहाँ पढ़े पौराणिक कथा

Mata Anjani Ko Shrap Kyo Mila Tha

भगवान हनुमान जी को लेकर धर्म ग्रंथों में कई तरह की कथा और कहानियों का जिक्र किया गया है. वैसे, आपमें भी हनुमान जी की जन्म कथा और उनकी बाल लीलाओं से जुड़ी कहानियां अवश्य सुनी होगी. बेशक वह खेल- खेल में सूर्य को फल समझकर निगलना हो या ऋषि- मुनियों को परेशान करने वाली … Read more

हनुमान जी के भक्तों पर दृष्टि क्यों नहीं डालते शनिदेव? यहाँ पढ़े पूरी कहानी

Why does not Shanidev look at the devotees of Hanuman ji

शनिदेव की दृष्टि “राजा को रंक” और “रंक को राजा” बना सकती है. यह वह देवता है जिनके नाम से मनुष्य तो छोड़िए असुर और दूसरे देवता भी खौफ खाते हैं. वैसे, अगर आप हनुमान जी के भक्त हैं तो आपको घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि शनिदेव चाहते हुए भी आपका बाल भी बांका … Read more

Hanuman Ji Ne Apna Seena Kyu Cheera: हनुमान जी ने अपना सीना क्यों चीरा?

Hanuman Ji Ne Apna Seena Kyu Cheera

एक बार बजरंग बली और लक्ष्मण जी के बीच एक ऐसी बात पर बहस हो गई थी कि गुस्से में हनुमान जी ने अपना सीना चीर दिया था. आज के इस लेख में हम जानेंगे कि आखिर वो कौन सी वजह थी जिसके कारण हनुमान जी ने सबके सामने अपना सीन चीर दिया था. इस … Read more

Bhagwan Ram Lanka Kaise Pahuche: भगवान राम लंका कैसे पहुचें

Bhagwan Ram Lanka Kaise Pahuche

असुर सम्राट लंकापति रावण छल से माता सीता का हरण कर ले जाता है, तो राम को उसपर बहुत क्रोध आता है और वे अपनी वानर सेना के साथ लंका पर चढ़ाई करने की तैयारी करते हैं. राम ने कहा- मैं दशरथ पुत्र राम उस असुर रावण और उसकी समस्त राक्षसी सत्ता कि इट से … Read more

Hanuman Ji Birth Story: भगवान हनुमान जी के जन्म की 2 पौराणिक कथा, पढ़े केसरी नंदन की कहानी

Hanuman Ji Birth Story

महावीर हनुमान जी को भगवान शिव का 11वां रूद्र अवतार कहा जाता है. वैसे, वह प्रभु श्रीराम के अनन्य भक्त भी हैं. हनुमान जी ने वानर जाति में जन्म लिया. उनकी माता का नाम “अंजनी” और उनके पिता “वानर राज केसरी” है. इस कारण उन्हें अंजनीसुत, केसरी नंदन आदि नामों से भी पुकारा जाता है. … Read more